भजन
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला (Dhan Dhan Anjani Ka Lala Bajrangbali Matwala Lyrics in Hindi) - पूरे लिरिक्स, भाव और गायन जानकारी
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला हनुमान जी की भक्ति में गाया जाने वाला लोकप्रिय भजन है। इसे विशेष रूप से हनुमान जयंती, सुंदरकांड पाठ और भजन संध्या के समय श्रद्धा से गाया जाता है।
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला के बोल भक्त के मन में विनम्रता, स्मरण और समर्पण का भाव जगाते हैं। यह भजन हनुमान जी की आराधना में मधुर भक्ति वातावरण बनाता है।
इसे विशेष रूप से हनुमान जयंती, सुंदरकांड पाठ और भजन संध्या के समय श्रद्धा के साथ गाया जाता है और मंगलवार, शनिवार के दिन भी इसे कई भक्त पढ़ते या गाते हैं।
यह भजन-पृष्ठ भक्ति पठन और गीत-संदर्भ और भक्ति-सहयोग के उद्देश्य से प्रस्तुत किया गया है। अनेक भजन लोकप्रचलित, पारंपरिक या अलग-अलग प्रस्तुतियों में प्रचलित हो सकते हैं। मूल बोल, पारंपरिक रचना-अधिकार या विशिष्ट प्रस्तुति-अधिकार संबंधित स्रोतों के हो सकते हैं; Hindi Chalisa केवल सुव्यवस्थित भक्ति प्रस्तुति प्रदान करता है।
विषय सूची
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला (पूरे बोल)
धन धन अंजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला,
राम के काज के सँवारे तूने,
भक्तों का प्रतिपाला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
सालासर है धाम तिहारो,
राजस्थान के माहि रे,
सालासर है धाम तिहारो,
राजस्थान के माहि रे,
ऐसी सुन्दर दिव्य मूर्ति,
और कहीं पे नाही रे,
तेज बरसता मुख मंडल से,
मंदिर बड़ा निराला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
झांझ नगाड़े बजे द्वार पे,
मंगल गाए शहनाई,
सवामणी का चढ़े चूरमा,
भोग लगे है सुखदाई,
साँचा है दातार जगत में,
प्रभु सालासर बाला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
मनोकामना की डोरी प्रभु,
जो बांधे तेरे द्वारे,
भक्त जनो की लाज बचा,
तूने हर संकट है टारे,
सबकी नैया पार करे तू,
भक्तों का प्रतिपाला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
तू जागृत है इस कलयुग में,
मैंने सुना है हे स्वामी,
अंतर्मन की किसे सुनाऊं,
बोलो हे अंतर्यामी,
तू ही संकट मोचन स्वामी,
है मेरा रखवाला रे,
भक्तों का प्रतिपाला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
धन धन अंजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला,
राम के काज के सँवारे तूने,
भक्तों का प्रतिपाला रे,
धन धन अँजनी का लाला,
बजरंगबली मतवाला ॥
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला का भाव
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला हनुमान जी की भक्ति में गाया जाने वाला लोकप्रिय भजन है। इसे विशेष रूप से हनुमान जयंती, सुंदरकांड पाठ और भजन संध्या के समय श्रद्धा से गाया जाता है।
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला में भक्त और आराध्य के बीच निकटता, विश्वास और भक्ति की सहज अभिव्यक्ति दिखाई देती है। इसके बोल सामूहिक गायन में भी बहुत मधुर लगते हैं और व्यक्तिगत भक्ति में भी मन को स्थिर करते हैं।
- भजन के बोल स्मरण और समर्पण का भाव मजबूत करते हैं।
- सामूहिक गायन में इसकी लय और भाव भक्तों को जोड़ते हैं।
- घर, सत्संग और मंदिर में इसे सहज रूप से गाया जा सकता है।
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला कब और कैसे गाएँ
भजन गाते समय शुद्ध उच्चारण, सरल लय और श्रद्धा का भाव सबसे अधिक महत्वपूर्ण माना जाता है।
1. उपयुक्त अवसर
- हनुमान जयंती, सुंदरकांड पाठ और भजन संध्या के समय यह भजन गाना उपयुक्त रहता है।
- मंगलवार, शनिवार के दिन भी कई भक्त इस भजन को विशेष रूप से गाते हैं।
- मंदिर, परिवारिक पूजा, संकीर्तन या भक्तिगीत कार्यक्रम में इसे शामिल किया जा सकता है।
2. गायन की तैयारी
- भजन से पहले कुछ क्षण शांत बैठकर आराध्य का स्मरण करें।
- यदि समूह में गा रहे हों तो एक समान लय रखें।
- भजन के साथ ताली, मंजीरा या साधारण कीर्तन शैली अपनाई जा सकती है।
3. भजन के बाद
- छोटी प्रार्थना, आरती या नामस्मरण जोड़ना अच्छा माना जाता है।
- कुछ क्षण शांत मन से आराध्य का ध्यान करें।
भजन से जुड़ी जानकारी
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला एक लोकप्रिय भक्ति प्रस्तुति के रूप में अनेक भक्तों द्वारा गाया जाता है।
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला से जुड़े अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला किस भाव से गाया जाता है?
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला कब गाया जाता है?
क्या धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला घर पर भी गाया जा सकता है?
क्या धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला के साथ अन्य पाठ भी किए जा सकते हैं?
निष्कर्ष
धन धन अंजनी का लाला, बजरंगबली मतवाला भजन श्रद्धा, स्मरण और मधुर गायन का सुंदर संगम है। इसके पूरे बोल, भक्ति भाव और गायन अवसर को समझकर इसे अधिक आत्मीयता से गाया जा सकता है।